गुड समारितन योजना 2021 – Good Samaritan Scheme in Hindi

Good Samaritan Scheme in Hindi
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good samaritan law india in hindi: भारत की केंद्र सरकार के सड़क मंत्रालय द्वारा सोमवार को एक नई योजना की शुरुआत की गई है जो कि उन भले लोगों के लिए है जो सड़क दुर्घटना के समय घायल व्यक्ति को सुनहरे घंटे के अंदर अंदर अस्पताल ले जाकर उनकी जान बचाते हैं। सरकार द्वारा ऐसे लोगों को 5000 की वित्तीय राशि इनाम के तौर पर प्रदान की जाएगी। इस योजना को शुरू करने का मुख्य उद्देश्य सड़क हादसे में घायल होने वाले लोगों की ज्यादा से ज्यादा मदद करना है।

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गुड सेमेरिटन योजना केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई एक महत्वपूर्ण योजना है। इस योजना के तहत सरकार द्वारा उन सभी अच्छे नागरिकों को ₹5000 की नकद धनराशि प्रदान की जाएगी जो कि सड़क हादसे में घायल व्यक्ति को तत्काल समय में अस्पताल तक पहुंचा सके। 5 वर्षों की अवधि के लिए लागू किया है एवं इसके लिए ₹131000 करोड़ का बजट तय किया गया है। संबंधित मंत्रालय ने सोमवार को गुड सेमेरिटन को पुरस्कार देने हेतु योजना शुरू की है। इस योजना के लिए मंत्रालय ने सोमवार को दिशा निर्देश जारी कर दिए हैं। वैसे व्यक्ति जो कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को तत्काल तौर पर सहायता प्रदान करें एवं गोल्डन आवर में अस्पताल या ट्रामा केयर सेंटर में भर्ती करवा कर उस व्यक्ति की जान बचा सके तो सरकार द्वारा ऐसे अच्छे नागरिकों को ₹5000 की नकद धनराशि इनाम के तौर पर प्रदान की जाएगी।

good samaritan act india के दिशा निर्देश

  • good samaritan scheme of work के तहत आपातकालीन स्थिति में सड़क दुर्घटना पीड़ितों की मदद करने के लिए आम जनता को प्रोत्साहित किया जाएगा। इसी कारणवश सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय द्वारा कहा गया है कि प्रत्येक गुड सेमेरिटन के लिए पुरस्कार धनराशि ₹5000 प्रतिघटना तय की गई है।
  • योजना के तहत हर नकद पुरस्कार के साथ प्रशंसा का प्रमाण पत्र भी प्रदान किया जाएगा।
  • प्रत्येक मामले में पुरस्कार के अलावा योग्य अच्छे नागरिकों के लिए 10 राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कार होंगे जिसके तहत उन्हें पूरे वर्ष के समय सम्मानित किया जाएगा।
  • इसी के साथ साथ उन्हें ₹100000 का पुरस्कार भी प्रदान किया जाएगा।
  • दिशा निर्देशों के तहत यदि एक से अधिक अच्छा नागरिक एक से अधिक पीड़ित के जीवन को बचाता है तो पुरस्कार की राशि प्रति पीड़ित बचाने के लिए ₹5000 होगी।
  • गोल्डन आवर दर्दनाक दुर्घटना के बाद 1 घंटे की अवधि को कहा जाता है जिसके दौरान तत्काल चिकित्सा एवं देखभाल ना प्रदान होने कारण घायल व्यक्ति की मृत्यु भी हो जाती है।
  • इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए सरकार द्वारा इस योजना को शुरू किया है ताकि गोल्डन आवर के समय ऐसे पीड़ितों की जान बचाई जा सके।
  • इस योजना की मदद से सड़क दुर्घटना से होने वाली मृत्यु दर को भी कम किया जाएगा।

गुड सेमेरिटन योजना के मुख्य बिंदु

  • मंत्रालय द्वारा यह बताया है कि इस योजना को देश के राज्य एवं केंद्र शासित प्रदेशों के परिवहन विभाग द्वारा सुचारू रूप से लागू किया जाएगा।
  • योजना के तहत दुर्घटना के गोल्डन आवा के समय मदद करने वाले व्यक्तियों को ₹5000 की नकद धनराशि प्रदान की जाएगी।
  • इस योजना की अवधि 15 अक्टूबर 2021 से लेकर 31 मार्च 2026 तक रखी गई है। मोटर वाहन संशोधन अधिनियम 2019 धारा 134a के तहत अच्छे लोगों के लिए ऐसी योजना को तय किया गया है।
  • इस योजना के मदद से घायलों की जांदी बज जाएगी एवं मदद करता की वित्तीय सहायता भी सुनिश्चित हो पाएगी।
  • दुर्घटना के हेतु है ₹5000 के नकद पुरस्कार मदद करता को प्रदान किया जाएगा।
  • इस योजना की जानकारी सभी राज्य एवं केंद्र शासित प्रदेशों के प्रधान एवं परिवहन सचिवों को लेख पत्र के माध्यम से प्रदान की गई है।
  • सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय द्वारा बताया गया है कि इस योजना को 15 अक्टूबर 2021 से 31 मार्च 2026 तक लागू किया जाएगा।

गुड सेमेरिटन योजना को लागू करने का मुख्य उद्देश्य

  • केंद्र सरकार द्वारा यह महसूस किया गया है कि आपातकालीन स्थिति में सड़क दुर्घटना पीड़ितों की मदद करने एवं नैतिक को बढ़ावा देने के लिए एवं उनके जीवन को बचाने के लिए सरकार द्वारा मदद करता को ₹5000 की इनामी धनराशि प्रदान की जाएगी जो कि उन्हें दूसरों की मदद करने में प्रेरित करेगी।
  • साथ ही योजना के तहत उन नागरिकों को नकद पुरस्कार एवं प्रमाण पत्र प्रदान किया जाएगा जो कि अन्य नागरिकों को सड़क दुर्घटना के समय घायल हुए व्यक्तियों की मदद करने में प्रेरित करेगी।
  • जिला स्तर पर मूल्यांकन समिति, जिसमें संबंधित जिले के जिला मजिस्ट्रेट, एसएसपी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, आरटीओ (परिवहन विभाग) शामिल हैं|
  • प्रमुख सचिव (गृह) की अध्यक्षता में एक राज्य स्तरीय निगरानी समिति, जिसमें आयुक्त (स्वास्थ्य) और एडीजीपी (यातायात और सड़क सुरक्षा) सदस्य और परिवहन आयुक्त सदस्य सचिव होंगे, योजना के उचित कार्यान्वयन की निगरानी के लिए तिमाही बैठकें करेंगे।
  • हर साल, प्रत्येक राज्य/संघ राज्य क्षेत्र की राज्य स्तरीय निगरानी समिति राष्ट्रीय स्तर के पुरस्कारों के लिए तीन सबसे योग्य प्रस्तावों को सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय को आगे के विचार के लिए नामित करेगी।
  • इस उद्देश्य के लिए MoRTH की एक मूल्यांकन समिति होगी और वे राज्यों / केंद्र शासित प्रदेशों से प्राप्त प्रस्तावों की समीक्षा करेंगे और वर्ष के सर्वश्रेष्ठ दस अच्छे लोगों का चयन करेंगे।