Nibandh

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर निबंध 2018 – International Yoga Day Essay in Hindi – Vishwa Yoga Diwas Par Nibandh

इंटरनेशनल योग डे 2018: योग करने की परम्परा भारत में पौराणिक काल से चली आ रही है| योग एक प्रकार की ऐसी ऊर्जा है जिसको अपनाने से आप पूरी उम्र सेहतमंद और बीमारियों से बचे रहते है| योग करने से हमारा शरीर तंदरुस्त रहता है| योग दिवस हर साल 21 जून को मनाया जाता है| इस दिन का बहुत महत्व है क्युकी इस दिन सिर्फ भारत में ही नहीं बल्कि पूरे विश्व में सभी देशो में अलग अलग जगह योग किया जाता है| इस दिन को भारतीय प्रधानमन्त्री श्री नरेंद्र मोदी जी के द्वारा प्रारम्भ किया गया जिसमे उन्होंने बहुत से देशो में जाकर वह के लोगो को इस दिन की अहमियत बताई और इसे अपनाने को भी कहा| आज के इस पोस्ट में हम आपको योग दिवस पर निबंध yog diwas par nibandh, antarrashtriya yoga diwas par nibandh, vishwa yoga diwas par nibandh, 21 जून योग दिवस, योग दिवस पर निबंध इन हिंदी, word doc short essay on International yoga day in Hindi व हिंदी एस्से ओन इंटरनेशनल योग डे आदि की जानकारी देंगे जिसे आप अपने स्कूल के कार्यक्रम या भाषण प्रतियोगिता में प्रयोग कर सकते है|

योग दिवस पर निबंध हिंदी में

योग दिवस कब मनाया जाता है: अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस भारत समेत पूरे विश्व भर में 21 जून 2018 को मनाया जाएगा| इस दिन गुरुवार का दिन है|  आइये देखें अक्सर class 1, class 2, class 3, class 4, class 5, class 6, class 7, class 8, class 9, class 10, class 11, class 12 के बच्चो को कहा जाता है अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर निबंध लिखें| संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी मिशन द्वारा आयोजित 2018 समारोह के लिए International yoga day 2018 theme को ‘शांति के लिए योग’ रखा गया है यानी की ‘Yoga for Peace.’  International yoga day Hindi essay, International Yoga Day Speech, International yoga day essay in english, योग दिवस पर कविता, अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर विशेष, International yoga day Speech in Hindi, योग दिवस पर लेख, World yoga day Nibandh यानी की विश्व योग दिवस पर निबंध हिंदी में 100 words, 150 words, 200 words, 400 words जिसे आप pdf download भी कर सकते हैं|

योग शरीर और मस्तिष्क को एक साथ सन्तुलित करके प्रकृति से जुड़ने का सबसे सुरक्षित माध्यम है। यह व्यायाम का एक प्रकार है, जिसमें शरीर के संतुलन और आहार, सांस की क्रिया के साथ ही शारीरिक आकृति को भी नियंत्रित करना आवश्यक है।यह शरीर और मस्तिष्क को ध्यान से जोड़ता है और जिसके माध्यम से शरीर को आराम मिलता है। यह शरीर और मस्तिष्क के ऊपर नियंत्रण रखने के साथ ही तनाव और चिन्ता को कम करके शरीर और मस्तिष्क के अच्छे स्वास्थ्य को प्राप्त करने में मदद करता है।

योग किसी के भी द्वारा विशेषरुप से किशोरों और वयस्कों द्वारा जीवन के लिए आवश्यक सक्रियता के लिए दैनिक आधार पर व्यायाम के रुप में किया जा सकता है। यह जीवन के कठिन समय, स्कूल, मित्र, परिवार और पड़ोसियों के दबाव को कम करने में मदद करता है। योग के माध्यम से एक व्यक्ति दूसरों के द्वारा दी जाने वाली समस्याओं और तनावों को गायब कर सकता है। यह शरीर, मस्तिष्क और प्रकृति के बीच में आसानी से संपर्क स्थापित कराता है।

विश्व योग दिवस पर निबंध

International yoga day 2018: अब हम आपको yog diwas par nibandh in hindi, International Yoga Day Wishes in Hindi, अंतराष्ट्रीय योग दिवस पर निबंध, अन्तराष्ट्रीय योग दिवस पर निबंध, अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस पर निबंध, world yoga day 2018, International yoga day essay, International yoga day short essay, International Yoga Day Shayari in Hindi, speech on International yoga Day, yog divas par nibandh in hindi, 21 june yoga day, योग दिवस का महत्व पर निबंध, yog diwas par nibandh hindi mein, Yoga day images, योग का महत्व पर निबंध, आंतरराष्ट्रीय योग दिवस, vishwa yoga day, योग दिवस 2017, योग दिवस 21 जून 2017, अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2016, जीवन में योग का महत्व निबंध, आदि की जानकारी देते है|

Vishwa Yoga Diwas Par Nibandh

योग की उत्पत्ति प्राचीन समय में, योगियों द्वारा भारत में हुई थी। योग शब्द की उत्पत्ति संस्कृत के शब्द से हुई है, जिसके दो अर्थ हैं – एक अर्थ है; जोड़ना और दूसरा अर्थ है – अनुशासन। योग का अभ्यास हमें शरीर और मस्तिष्क के जुड़ाव द्वारा शरीर और मस्तिष्क के अनुशासन को सिखाता है। यह एक आध्यात्मिक अभ्यास है, जो शरीर और मस्तिष्क के संतुलन के साथ ही प्रकृति के करीब आने के लिए ध्यान के माध्यम से किया जाता है। यह पहले समय में, हिन्दू, बौद्ध और जैन धर्म के लोगों द्वारा किया जाता था। यह व्यायाम का ही एक अद्भुत प्रकार है, जो शरीर और मन को नियंत्रित करके जीवन को बेहतर बनाता है। योग हमेशा स्वस्थ जीवन जीने का एक विज्ञान है। यह एक दवा की तरह है, जो हमारे शरीर के अंगों के कार्यों करने के ढ़ंग को नियमित करके विभिन्न बीमारियों को धीरे-धीरे ठीक करता है।

वास्तव में, योग वह क्रिया है, जो शरीर के अंगों की गतिविधियों और सांसों को नियंत्रित करता है। यह शरीर और मन, दोनों को प्रकृति से जोड़कर आन्तरिक और बाहरी ताकत को बढ़ावा देता है। यह केवल शारीरिक क्रिया नहीं है, क्योंकि यह एक मनुष्य को मानसिक, भावनात्मक और आत्मिक विचारों पर नियंत्रण करने के योग्य बनाता है। इसका अभ्यास लोगों के द्वारा किसी भी आयु में किया जा सकता है, जैसे- बचपन, किशोरावस्था, वयस्क या वृद्धावस्था। इसके लिए नियंत्रित सांस के साथ सुरक्षित, धीमें और नियंत्रित शारीरिक गतिविधियों की आवश्यकता होती है। योग और इसके लाभों के बारे में दुनियाभर के लोगों को जागरुक करने के लिए वार्षिक रुप से एक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर (अंतरराष्ट्रीय योग दिवस या विश्व योग दिवस) कार्यक्रम का आयोजन किया जाता है।

Yoga Diwas Par Nibandh in Hindi

सितंबर 2014 में भारतीय प्रधान मंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा अंतरराष्ट्रीय योग दिवस को मनाने का प्रस्ताव रखा गया था। इसका समर्थन विभिन्न योग चिकित्सकों और दुनिया भर के आध्यात्मिक नेताओं द्वारा किया गया। संयुक्त राष्ट्र ने दिसंबर 2014 में 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस घोषित किया।

पहले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को दुनिया भर में उत्साह के साथ मनाया गया था लेकिन दिल्ली में राजपथ एक अलग ही तरह की जगह है जहाँ इसका अभ्यास किया जा सकता है। इस दिन का जश्न मनाने के लिए हजारों लोग इकट्ठे हुए। प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी दुनिया के विभिन्न हिस्सों की कई मशहूर हस्तियों के साथ इस आयोजन का एक हिस्सा बने और यहां योग आसनों का अभ्यास किया।

योग का बुखार इसी तरह जारी रहा और दूसरे और तीसरे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर भी लोगों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। दूसरे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर चंडीगढ़ में एक बड़ा आयोजन आयोजित किया गया। तीसरे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर लखनऊ में भी इसी तरह से एक बड़ा आयोजन किया गया था। भारत के विभिन्न हिस्सों में और साथ ही दुनिया भर में हर साल इस दिन के लिए कई मनोरंजक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।

कई योग आसन हैं जो विभिन्न स्तरों पर काम करते हैं ताकि हमें एक स्वस्थ जीवन जीने में मदद मिल सके। हमें इन सभी के अभ्यास की कोशिश करनी चाहिए और उन योग आसनों की पालना करनी चाहिए जिन्हें करना हमारे लिए फायदेमंद है। एक स्वस्थ जीवन शैली विकसित करने के लिए चुने हुए योग आसनों का नियमित रूप से अभ्यास करना चाहिए। योग को एक दिन समर्पित करने के पीछे पूरा विचार यह है कि दुनिया को यह समझने में मदद मिल सके कि इसका नियमित रूप से अभ्यास कर कितना फायदा मिल सकता है।

Short essay on yoga day in Hindi – 200 words

योग सभी के जीवन में बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह शरीर और मस्तिष्क के संबंधों में सन्तुलन बनाने में मदद करता है। यह व्यायाम का प्रकार है जो, नियिमित अभ्यास के माध्यम से शारीरिक और मानसिक अनुशासन सीखने में मदद करता है। इसकी बहुत समय पहले भारत में उत्पत्ति हुई थी। पहले समय में, बौद्ध धर्म और हिन्दू धर्म से जुड़े लोग योग और ध्यान का प्रयोग करते थे। योग के बहुत से प्रकार है; जैसे- राज योग, जन योग, भक्ति योग, कर्म योग, हस्त योग। आमतौर पर, हस्त योग के अन्तर्गत बहुत से आसनों का भारत में अभ्यास किया जाता है। योग से होने वाले लाभों और फायदों के बारे में लोगों को जागरुक करने के लिए, हरेक साल विश्व स्तर पर एक आयोजन किया जाता है, उसे अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस कहा जाता है।

अन्तरराष्ट्रीय योग दिवस या विश्व योग दिवस की घोषणा (संयुक्त राष्ट्र की सामान्य सभा में) 21 जून को, भारत की पहल और सुझाव के बाद की गयी। योग में प्राणायाम और कपाल-भाति योग क्रियाएं शामिल हैं, जो सबसे ज्यादा प्रभावी सांस की क्रियाएं हैं। इनका नियमित अभ्यास करने से लोगों को सांस संबंधी समस्याओं और उच्च व निम्न रक्तदाब जैसी बीमारियों में आराम मिलता है। योग वो इलाज है, यदि इसका प्रतिदिन नियमित रुप से अभ्यास किया जाए, तो यह बीमारियों से धीरे-धीरे झुटकारा पाने में मदद करता है। यह हमारे आन्तरिक शरीर में कुछ सकारात्मक बदलाव लाता है और शरीर के अंगों की प्रक्रिया को नियमित करता है। विशेष प्रकार के योग विभिन्न उद्देश्यों के लिए किए जाते हैं, इसलिए केवल आवश्यक और सुझाये गए योग का ही अभ्यास करना चाहिए।

योग डे एस्से – 250 words

आइये देखें Short International Yoga Day speech essay in hindi, International Yoga Day Essay In Urdu, लेख एसेज, anuched, short paragraphs, pdf, Composition, Paragraph, Article हिंदी, yoga day theme, some lines on International Yoga Day in hindi, 10 lines on International Yoga Day in hindi, short essay on International Yoga Day in hindi font, few lines on International Yoga Day in hindi निबन्ध (Nibandh)

International Yoga Day Essay in Hindi

यह भारतीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ही थे जिन्होंने सबसे पहले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाए जाने का विचार दिया था। इस प्रकार से वे पूरे भारत के साथ इस दृष्टिकोण को संपूर्ण रूप से साझा करना चाहते थे जो पूरे विश्व के लिए उत्पन्न हुई थी। संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) ने इस प्रस्ताव को पसंद किया और 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मान्यता दी गई। यह वर्ष 2015 में पहली बार मनाया गया था। माना जाता है कि भारतीय पौराणिक युग से योग की जड़े जुडी हुई हैं। ऐसा कहा जाता है कि यह भगवान शिव थे जिन्होंने इस कला को जन्म दिया। शिव, जिन्हें आदि योगी के रूप में भी माना जाता है, को दुनिया के सभी योग गुरुओं के लिए प्रेरणा माना जाता है।

सामान्यत तौर पर यह माना जाता है कि यह उत्तर भारत में सिंधु-सरस्वती सभ्यता थी जिसने 5000 साल पहले इस शानदार कला की शुरूआत की थी। ऋग्वेद में पहली बार इस अवधि का उल्लेख किया है। हालांकि योग की पहली व्यवस्थित प्रस्तुति शास्त्रीय काल में पन्तजलि द्वारा की गई है।

भारतीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी, जिन्होंने योग दिवस मनाने का विचार प्रस्तावित किया, ने सुझाव दिया कि यह 21 जून को मनाया जाना चाहिए। उनके द्वारा सुझाई गई इस तारीख का कारण सामान्य नहीं था। इस अवसर को मनाने के लिए प्रस्तावित कुछ कारण हैं।

21 जून उत्तरी गोलार्ध में वर्ष का सबसे लंबा दिन है और इसे ग्रीष्मकालीन अस्थिरता कहा जाता है। यह दक्षिणाइया का एक संक्रमण प्रतीक है जिसे माना जाता है कि यह एक ऐसी अवधि होती है जो आध्यात्मिक प्रथाओं का समर्थन करती है। इस प्रकार योग की आध्यात्मिक कला का अभ्यास करने के लिए एक अच्छी अवधि माना जाता है।

योग दिवस निबंध मराठी

सुरक्षित, सोपी आणि स्वस्थ मार्ग योग नाही. ह्यासाठी केवळ शरीर कृती आणि श्वास घेणे योग्य पद्धतींचे नियमित अभ्यास करण्याची आवश्यकता आहे. हे शरीर चे तीन मुख्य घटक; शरीर, मन आणि आत्मा यांच्यातील संपर्काचे नियमितकरण करणे हे शरीराचे सर्व अंगांचे कार्यकलाप नियमित करते आणि काही खराब परिस्थिती आणि अस्वास्थ्यकर जीवनशैलीमुळे शरीर आणि मनसंक्रमण करण्यापासून त्रास होतो. हे आरोग्य, ज्ञान आणि अंतराळ शांतता राखण्यासाठी मदत करते. चांगले आरोग्य देण्याने हे भौतिक गरजेनुसार पूर्ण करते, ज्ञानाने माध्यमाने ते मानसिक गरजा पूर्ण करते आणि आंतरिक शांती द्वारे या आध्यात्मिक गरजेची पूर्ती होते, तर अशा प्रकारे आपण सर्वांच्या सहवासात टिकू शकतो मदत करते

दिवसाचे योगाचे नियमित अभ्यास आम्हाला अगाऊ शारीरिक आणि मानसिक घटकांपासून त्रासदायक दूर ठेवून बाह्य आणि आंतरिक आराम मिळतो. योगाचे विविध आसन मानसिक आणि शारीरिक मजबूतीबरोबरच चांगलेपणाची भावना निर्माण होते. हे मानव मनशक्तीला गतिमान करते, बौद्धिक पातळी सुधारते आणि भावनांना स्थिर ठेवून उच्च पातळीच्या एकाग्रता मध्ये मदत करते. चांगलं होण्याची भावना जागृत करते, सामाजिक सुधारणांना प्रोत्साहन देते. एकाग्रता च्या पातळीत सुधारित मन मध्ये मदत करते आणि मंथन अंतर्गत शांतता प्रदान करते योग वापरलेला दर्शन आहे, जो नियमित अभ्यासांद्वारे स्व-अनुशासन आणि आत्म जागरुकता विकसित करतो.

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर निबंध

योग प्राचीन समय से मनुष्य को प्रकृति द्वारा दिया गया बहुत ही महत्वपूर्ण और अनमोल उपहार है, जो जीवन भर मनुष्य को प्रकृति के साथ जोड़कर रखता है। यह शरीर और मस्तिष्क के बीच सामंजस्य स्थापित करने के लिए, इन दोनों को संयुक्त करने का सबसे अच्छा अभ्यास है। यह एक व्यक्ति को सभी आयामों पर, जैसे- शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और बौद्धिक स्तर पर नियंत्रण के द्वारा उच्च स्तर की संवेदनशीलता प्रदान करता है। स्कूल और कॉलेज में विद्यार्थियों की बहतरी के साथ ही पढ़ाई पर उनकी एकाग्रता को बढ़ाने के लिए योग के दैनिक अभ्यास को बढ़ावा दिया जाता है। यह लोगों द्वारा किया जाने वाला व्यवस्थित प्रयास है, जो पूरे शरीर में उपस्थित सभी अलग-अलग प्राकृतिक तत्वों के अस्तित्व पर नियंत्रण करके व्यक्तित्व में सुधार लाने के लिए किया जाता है।

योग के सभी आसनों से लाभ प्राप्त करने के लिए सुरक्षित और नियमित अभ्यास की आवश्यकता है। योग का अभ्यास आन्तरिक ऊर्जा को नियंत्रित करने के द्वारा शरीर और मस्तिष्क में आत्म-विकास के माध्यम से आत्मिक प्रगति को लाना है। योग के दौरान श्वसन क्रिया में ऑक्सीजन लेना और छोड़ना सबसे मुख्य वस्तु है। दैनिक जीवन में योग का अभ्यास करना हमें बहुत सी बीमारियों से बचाने के साथ ही भयानक बीमारियों; जैसे- कैंसर, मधुमेह (डायबिटीज़), उच्च व निम्न रक्त दाब, हृदय रोग, किडनी का खराब होना, लीवर का खराब होना, गले की समस्याओं और अन्य बहुत सी मानसिक बीमारियों से भी बचाव करता है।

आजकल, लोगों के जीवन को बेहतर करने के लिएफिर से योग का अभ्यास करने की आवश्यकता है। दैनिक जीवन में योग का अभ्यास शरीर को आन्तरिक और बाहरी ताकत प्रदान करता है। यह शरीर के प्रतिरोधी प्रणाली को मजबूती प्रदान करने में मदद करता है, इस प्रकार यह विभिन्न और अलग-अलग बीमारियों से बचाव करता है। यदि योग को नियमित रुप से किया जाए तो यह दवाईयों का दूसरा विकल्प हो सकता है। यह प्रतिदिन खाई जाने वाली भारी दवाईयों के दुष्प्रभावों को भी कम करता है। प्राणायाम और कपाल-भाति जैसे योगों को करने का सबसे अच्छा समय सुबह का समय है, क्योंकि यह शरीर और मन पर नियंत्रण करने के लिए बेहतर वातावरण प्रदान करता है।

Leave a Comment